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आज रात दिखेगा Strawberry Moon का खूबसूरत नजारा, जानिए सामान्य से क्यों और कितना बड़ा दिखता है चांद

नई दिल्ली: आज रात आसमान में Strawberry Moon का मनमोहक नजारा देखने को मिल सकता है। हर साल जून महीने में दिखाई देने वाले इस पूर्णिमा के चंद्रमा को स्ट्रॉबेरी मून कहा जाता है। हालांकि, इसका रंग वास्तव में स्ट्रॉबेरी जैसा गुलाबी या लाल नहीं होता। इस नाम का संबंध…

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V K Singh

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आज रात दिखेगा Strawberry Moon का खूबसूरत नजारा, जानिए सामान्य से क्यों और कितना बड़ा दिखता है चांद

नई दिल्ली: आज रात आसमान में Strawberry Moon का मनमोहक नजारा देखने को मिल सकता है। हर साल जून महीने में दिखाई देने वाले इस पूर्णिमा के चंद्रमा को स्ट्रॉबेरी मून कहा जाता है। हालांकि, इसका रंग वास्तव में स्ट्रॉबेरी जैसा गुलाबी या लाल नहीं होता। इस नाम का संबंध उत्तरी अमेरिका की मूल जनजातियों द्वारा जून में होने वाली स्ट्रॉबेरी की फसल से है।

क्या है Strawberry Moon?

Strawberry Moon जून महीने की पूर्णिमा (Full Moon) को दिया गया पारंपरिक नाम है। इसका नाम चांद के रंग पर नहीं, बल्कि उस समय होने वाली स्ट्रॉबेरी की फसल पर आधारित है। दुनिया के अलग-अलग क्षेत्रों में जून की पूर्णिमा को अलग-अलग नामों से भी जाना जाता है।

क्या सच में बड़ा हो जाता है चांद?

कई लोगों को लगता है कि Strawberry Moon सामान्य चांद से बड़ा होता है। वास्तव में चांद का आकार लगभग वही रहता है। लेकिन जब चांद क्षितिज (Horizon) के पास होता है, तब वह हमें सामान्य से बड़ा दिखाई देता है। इसे Moon Illusion कहा जाता है।

इस भ्रम के पीछे हमारे मस्तिष्क की दृश्य धारणा (Visual Perception) काम करती है। क्षितिज के पास मौजूद पेड़, इमारतें और अन्य वस्तुएं चांद की तुलना करने का आधार बनती हैं, जिससे वह बड़ा नजर आता है।

कितना बड़ा दिख सकता है?

वैज्ञानिकों के अनुसार, Moon Illusion के कारण चांद वास्तविक आकार से लगभग 5% से 15% तक बड़ा महसूस हो सकता है। हालांकि, यह केवल देखने का भ्रम है। चांद का वास्तविक व्यास या आकार नहीं बदलता।

यदि पूर्णिमा के समय चंद्रमा अपनी कक्षा में पृथ्वी के अपेक्षाकृत करीब (पेरिजी) भी हो, तो वह सामान्य पूर्णिमा की तुलना में थोड़ा बड़ा और अधिक चमकीला दिखाई दे सकता है। लेकिन हर Strawberry Moon, Supermoon नहीं होता।

क्यों बदलता है चांद का रंग?

जब चांद क्षितिज के पास होता है, तो उसकी रोशनी को पृथ्वी के वायुमंडल की अधिक मोटी परत से गुजरना पड़ता है। इस दौरान नीली रोशनी अधिक बिखर जाती है और लाल-नारंगी रंग अधिक दिखाई देते हैं। इसी कारण कई बार चांद सुनहरा, नारंगी या हल्का लाल नजर आता है।

कैसे देखें सबसे अच्छा नजारा?

  • चांद निकलने के तुरंत बाद पूर्व दिशा में देखें।
  • शहर की तेज रोशनी से दूर खुले स्थान का चुनाव करें।
  • दूरबीन या टेलीस्कोप हो तो दृश्य और भी शानदार दिखाई देगा।
  • साफ मौसम होने पर बिना किसी उपकरण के भी इसका आनंद लिया जा सकता है।

क्या भारत में भी दिखाई देगा?

हां, यदि आपके क्षेत्र में मौसम साफ रहा तो भारत के अधिकांश हिस्सों से Strawberry Moon देखा जा सकेगा। चंद्रमा के उदय का समय शहर के अनुसार थोड़ा अलग हो सकता है।

निष्कर्ष

Strawberry Moon खगोलीय दृष्टि से जून महीने की पूर्णिमा है, जो अपने पारंपरिक नाम और क्षितिज के पास बड़े दिखने वाले दृश्य के कारण खास मानी जाती है। हालांकि चांद वास्तव में बड़ा नहीं हो जाता, बल्कि Moon Illusion के कारण हमें उसका आकार सामान्य से अधिक दिखाई देता है। यही वजह है कि हर साल लाखों लोग इस खूबसूरत नजारे का इंतजार करते हैं।

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