पंचायत समिति पाटन क्षेत्र में वीबीजीआरवाई (VBGRY) योजना के तहत कार्यरत मेटों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर मुख्यमंत्री राजस्थान सरकार के नाम विकास अधिकारी (बीडीओ) के माध्यम से 13 सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। मेटों का कहना है कि वे वर्षों से ग्रामीण विकास कार्यों का संचालन, श्रमिकों का प्रबंधन, ऑनलाइन कार्यों का निष्पादन और विभागीय जिम्मेदारियों का पूरी निष्ठा से निर्वहन कर रहे हैं, लेकिन अब तक उन्हें स्थायी रोजगार, उचित वेतन और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराई गई हैं। उन्होंने सरकार से उनकी सेवाओं को देखते हुए जल्द सकारात्मक निर्णय लेने की मांग की।

ज्ञापन में मेटों ने सभी कर्मचारियों को स्थायी करने, सम्मानजनक मासिक वेतन तय करने, समय पर वेतन भुगतान सुनिश्चित करने, ईएसआई, बीमा, पेंशन और अन्य सामाजिक सुरक्षा योजनाओं का लाभ देने, अनुभव के आधार पर नियमितीकरण करने तथा स्पष्ट सेवा नियमावली लागू करने की मांग रखी। इसके अलावा उन्होंने ऑनलाइन कार्यों के लिए सरकारी एंड्रॉयड मोबाइल उपलब्ध कराने, मोबाइल रिचार्ज और इंटरनेट का खर्च सरकार द्वारा वहन करने, समय-समय पर तकनीकी प्रशिक्षण देने और आवश्यक संसाधन उपलब्ध कराने की भी मांग की, ताकि डिजिटल कार्यों का संचालन सुचारू रूप से किया जा सके।

मेट संघ ने चेतावनी दी कि यदि उनकी 13 सूत्रीय मांगों पर जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो पंचायत समिति पाटन के सभी वीबीजीआरवाई मेट लोकतांत्रिक एवं शांतिपूर्ण तरीके से कार्य का बहिष्कार करेंगे। उन्होंने कहा कि ऐसी स्थिति में विकास कार्य प्रभावित होने और प्रशासनिक असुविधा उत्पन्न होने की पूरी जिम्मेदारी शासन और प्रशासन की होगी। ज्ञापन पंचायत समिति पाटन के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम प्रेषित किया गया।