रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल और टेलीकॉम कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स के प्रस्तावित IPO से पहले ग्लोबल निवेशकों ने बड़ा उत्साह दिखाया है। रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी के IPO के लिए 20 अरब डॉलर (करीब ₹1.9 लाख करोड़) से अधिक की शुरुआती बोलियां मिलने की जानकारी सामने आई है।
नई दिल्ली। रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल सर्विस कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स का प्रस्तावित आईपीओ बाजार में नया रिकॉर्ड बना सकता है। ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, आईपीओ से पहले कंपनी को वैश्विक निवेशकों की ओर से करीब 20 अरब डॉलर के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। इनमें फिडेलिटी, एलियांज और कैपिटल ग्रुप जैसे बड़े निवेशकों के नाम शामिल बताए गए हैं। हालांकि, एंकर निवेशकों को शेयर आवंटित करने को लेकर अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है।
10.3 लाख करोड़ रुपये की वैल्यूएशन का लक्ष्य
रिपोर्ट के अनुसार, जियो प्लेटफॉर्म्स अपने आईपीओ के लिए करीब 10.3 लाख करोड़ रुपये यानी लगभग 108 अरब डॉलर की वैल्यूएशन का लक्ष्य रख रही है। यह आंकड़ा पहले चर्चा में रहे 170 अरब डॉलर के अनुमान से कम बताया गया है।
कंपनी की वास्तविक वैल्यूएशन निवेशकों की मांग, कारोबार की संभावनाओं और आईपीओ की अंतिम शर्तों पर निर्भर करेगी। निवेशक यह आकलन करेंगे कि जियो की डिजिटल सेवाओं और टेलीकॉम कारोबार में भविष्य में कितनी वृद्धि हो सकती है और उन्हें निवेश पर कितना रिटर्न मिलने की संभावना है।
हांगकांग, लंदन और न्यूयॉर्क में निवेशकों से बैठक
ब्लूमबर्ग की रिपोर्ट के मुताबिक, जियो प्लेटफॉर्म्स के प्रबंध निदेशक आकाश अंबानी और उनकी टीम ने हांगकांग, लंदन तथा न्यूयॉर्क जैसे प्रमुख वित्तीय केंद्रों में निवेशकों के साथ बैठकें की हैं।
इन बैठकों में कंपनी की प्रस्तावित वैल्यूएशन और डिजिटल सेवाओं से कमाई बढ़ाने की रणनीति पर चर्चा होने की बात कही गई है। जियो का टेलीकॉम नेटवर्क, डिजिटल एप्लिकेशन और सेवाओं का व्यापक कारोबार निवेशकों के लिए अहम आकर्षण हो सकता है।
फिडेलिटी, एलियांज और कैपिटल ग्रुप की दिलचस्पी
रिपोर्ट में मामले से जुड़े सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि फिडेलिटी, एलियांज और कैपिटल ग्रुप सहित कई अंतरराष्ट्रीय और घरेलू निवेशकों ने आईपीओ में रुचि दिखाई है। हालांकि, निवेशकों की अंतिम सूची और शेयर आवंटन की जानकारी अभी सामने नहीं आई है।
इसलिए 20 अरब डॉलर के प्रस्तावों को फिलहाल रिपोर्ट में सामने आई शुरुआती दिलचस्पी के तौर पर देखना चाहिए, न कि अंतिम निवेश या सुनिश्चित शेयर आवंटन के रूप में।
भारत के IPO बाजार में बन सकता है रिकॉर्ड
जियो प्लेटफॉर्म्स टेलीकॉम कनेक्टिविटी के साथ डिजिटल ऐप्लिकेशन और विभिन्न ऑनलाइन सेवाओं का बड़ा इकोसिस्टम संचालित करती है। कंपनी की कमाई बढ़ाने की क्षमता, ग्राहक आधार और भविष्य की विकास योजनाएं आईपीओ की सफलता तय करने में महत्वपूर्ण होंगी।
यदि प्रस्तावित आकार और वैल्यूएशन के करीब यह आईपीओ बाजार में आता है, तो यह भारतीय शेयर बाजार की सबसे बड़ी सार्वजनिक शेयर बिक्री में शामिल हो सकता है। फिलहाल निवेशकों की निगाहें इश्यू के अंतिम आकार, वैल्यूएशन, शेयर मूल्य और एंकर निवेशकों की भागीदारी पर टिकी हैं।
महत्वपूर्ण: आईपीओ की अंतिम तारीख, प्राइस बैंड, वैल्यूएशन और आवंटन से जुड़ी शर्तों की आधिकारिक पुष्टि होने तक निवेशकों को केवल मीडिया रिपोर्टों के आधार पर निवेश का निर्णय नहीं लेना चाहिए।