अयोध्या के रुदौली तहसील क्षेत्र में दुर्गा प्रतिमा विसर्जन को लेकर प्रशासन अलर्ट है। जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी और एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने मां कामाख्या धाम घाट और गोमती नदी के रेछघाट का निरीक्षण कर सुरक्षा व व्यवस्थाओं का जायजा लिया। मां कामाख्या धाम घाट पर 137 दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन किया जाएगा।
अयोध्या। रुदौली तहसील क्षेत्र में दुर्गा पूजा के बाद प्रतिमा विसर्जन को सुरक्षित, शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। शनिवार को जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. गौरव ग्रोवर ने गोमती नदी के रेछघाट और मां कामाख्या धाम घाट का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान अधिकारियों ने सुरक्षा व्यवस्था, श्रद्धालुओं के आवागमन, वाहनों की पार्किंग, प्रकाश व्यवस्था और साफ-सफाई सहित अन्य जरूरी इंतजामों का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागों को समय से सभी तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए गए, ताकि प्रतिमा विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
मां कामाख्या धाम घाट पर 137 प्रतिमाओं का होगा विसर्जन
जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी ने बताया कि रुदौली तहसील क्षेत्र की 137 दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन मां कामाख्या धाम घाट पर किया जाएगा। इसके अलावा गोमती नदी के रेछघाट पर भी दुर्गा प्रतिमाओं का विसर्जन होगा। बड़ी संख्या में प्रतिमाओं के विसर्जन को देखते हुए प्रशासन घाटों और वहां तक पहुंचने वाले रास्तों पर जरूरी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने में जुटा है।
डीएम ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि विसर्जन स्थलों तक जाने वाले मार्गों को समय रहते दुरुस्त कराया जाए। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए जहां आवश्यकता हो, वहां रैंप बनवाए जाएं। इसके साथ ही घाटों पर बैरिकेडिंग, वाहनों की पार्किंग, पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था और साफ-सफाई के इंतजाम सुनिश्चित किए जाएं। प्रशासन का जोर इस बात पर है कि विसर्जन के दौरान भीड़ का प्रबंधन बेहतर तरीके से हो और लोगों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके।
घाटों पर सुरक्षा व्यवस्था का लिया जायजा
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी और एसएसपी ने घाटों पर सुरक्षा से जुड़े इंतजामों की समीक्षा की। अधिकारियों ने संबंधित विभागों को निर्देशित किया कि प्रतिमा विसर्जन से पहले सभी आवश्यक व्यवस्थाओं की जांच कर ली जाए। घाटों पर भीड़ को नियंत्रित करने, श्रद्धालुओं की आवाजाही व्यवस्थित रखने और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए जरूरी इंतजाम किए जाएं।
प्रशासन की ओर से घाटों पर बैरिकेडिंग और अन्य सुरक्षा उपायों को प्राथमिकता दी जा रही है। साथ ही प्रकाश व्यवस्था और साफ-सफाई पर भी ध्यान देने के निर्देश दिए गए हैं। अधिकारियों का उद्देश्य है कि विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो और आयोजन शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराया जा सके।
गोमती नदी में तैनात होंगे गोताखोर, पुलिस रखेगी निगरानी
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. गौरव ग्रोवर ने बताया कि दुर्गा प्रतिमा विसर्जन को लेकर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। घाटों पर जरूरत के अनुसार गोताखोरों की तैनाती की जाएगी। इसके अलावा पुलिसकर्मी लगातार निगरानी रखेंगे, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई की जा सके।
एसएसपी ने बताया कि अराजक तत्वों पर नजर रखी जा रही है। सोशल मीडिया पर प्रसारित होने वाली गतिविधियों और संदेशों पर भी पुलिस प्रशासन की निगरानी है। प्रतिमा विसर्जन के दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस बल को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन का प्रयास है कि धार्मिक आयोजन के दौरान किसी तरह की अव्यवस्था न हो और सभी प्रतिमाओं का विसर्जन सुरक्षित तरीके से संपन्न कराया जाए।
आवागमन और पार्किंग की व्यवस्था पर विशेष जोर
प्रतिमा विसर्जन के दौरान घाटों पर श्रद्धालुओं की आवाजाही बढ़ने की संभावना को देखते हुए प्रशासन ने रास्तों और पार्किंग व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया है। जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि विसर्जन स्थलों तक पहुंचने वाले मार्गों की स्थिति ठीक कराई जाए और जरूरत के अनुसार रैंप की व्यवस्था की जाए। वाहनों को व्यवस्थित तरीके से खड़ा कराने के लिए पार्किंग स्थल निर्धारित करने तथा रास्तों पर अनावश्यक जाम की स्थिति से बचने के लिए आवश्यक प्रबंध करने पर जोर दिया गया।
इसके साथ ही घाटों पर पर्याप्त रोशनी और साफ-सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन चाहता है कि श्रद्धालुओं को घाट तक पहुंचने और वहां से वापस लौटने में किसी तरह की परेशानी न हो। सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने को कहा गया है।
निरीक्षण के दौरान कई अधिकारी रहे मौजूद
स्थलीय निरीक्षण के दौरान कामाख्या नगर पंचायत के अध्यक्ष शीतला प्रसाद शुक्ला, एसपी ग्रामीण राधेश्याम राय, एसडीएम विनोद गुप्ता, सीओ अरविंद सोनकर, तहसीलदार विजय गुप्ता, बाबा बाजार थानाध्यक्ष शैलेंद्र कुमार आजाद, विद्युत विभाग के एसडीओ राजेश कुमार और लोक निर्माण विभाग के जेई मिथिलेश सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
प्रशासनिक अधिकारियों ने संबंधित विभागों को निर्देश दिया कि प्रतिमा विसर्जन से पहले सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएं। रुदौली तहसील क्षेत्र में 137 प्रतिमाओं के विसर्जन और रेछघाट पर होने वाले आयोजन को देखते हुए सुरक्षा, साफ-सफाई, रोशनी, आवागमन और आपातकालीन सहायता से जुड़े इंतजामों को प्राथमिकता दी जा रही है। प्रशासन का लक्ष्य है कि दुर्गा प्रतिमा विसर्जन शांतिपूर्ण, सुरक्षित और व्यवस्थित तरीके से संपन्न हो।