हरियाणा के मंदिरों और तीर्थ स्थलों पर अब कूड़े के ढेर नहीं दिखेंगे। सुप्रीम कोर्ट के 19 फरवरी और 5 मई 2026 के निर्देशों के तहत राज्य सरकार ने धार्मिक स्थलों के आसपास 500 मीटर का सफाई जोन बनाने के नियम तय किए हैं। इस जोन में पहुंच मार्ग, पार्किंग, दुकानें और आसपास का पूरा इलाका शामिल होगा।
पहले चरण में ये तीर्थ
- मनसा देवी मंदिर, पंचकूला
- शीतला माता मंदिर, गुरुग्राम
- ब्रह्मसरोवर, कुरुक्षेत्र
क्या-क्या होगा
- चार तरह के डस्टबिन: गीला, सूखा, सैनिटरी और खास कचरा
- मुख्य सड़कों पर हर 50 मीटर और श्रद्धालुओं की कतार वाले इलाकों में हर 25 मीटर पर डस्टबिन
- फूल और चढ़ावे के लिए अलग पात्र, इन्हें जलाशयों में नहीं डाला जाएगा
- सिंगल यूज प्लास्टिक पर पूरी रोक
- किसी भी आयोजन के 24 घंटे के भीतर कचरा हटाना अनिवार्य
- एक किलोमीटर के दायरे में पान-गुटखे के दाग की सफाई
- हर स्थल पर एक नोडल अधिकारी
शौचालय और निगरानी
हर 100 श्रद्धालुओं पर कम से कम एक शौचालय सीट होगी, जिनमें 50 प्रतिशत महिलाओं के लिए आरक्षित होंगी। बड़े आयोजनों में मोबाइल शौचालय लगेंगे। भीड़ के समय अतिरिक्त सफाईकर्मी और कचरा वाहन लगाए जाएंगे। सात दिन का कचरा रिकॉर्ड रखा जाएगा और बड़े आयोजनों में दिन में दो बार जियो-टैग फोटो से निगरानी होगी।

नियम तोड़ा तो जुर्माना
गंदगी फैलाने या कचरा जलाने पर मौके पर ही जुर्माना लगेगा। नियम न मानने पर दुकानदारों की जमानत राशि जब्त, परमिट रद्द और अस्थायी रूप से बिजली-पानी कनेक्शन काटने तक की कार्रवाई हो सकती है।







